पाचनतन्त्रगतविकारविनाशे उपयुक्तानि आसनानि – एकमध्ययनम् Post navigation निम्बार्काचार्यपीठाधीश्वर ‘श्रीजी‘ श्रीराधासर्वेश्वरशरण देवाचार्य प्रणीत संस्कृत रचनाओं में निहित नैतिक मूल्य, एक अध्ययनगुप्त शासक कुमारगुप्त प्रथम (415-455 ई.)